लखनऊ में मेयर सुषमा खर्कवाल के प्रशासनिक और वित्तीय अधिकार फिलहाल बहाल नहीं किए गए हैं। वरिष्ठ अधिवक्ता प्रशांत सिंह अटल की कानूनी राय के अनुसार, वार्ड 73 के निर्वाचित पार्षद को शपथ दिलाए जाने के बाद ही मेयर के अधिकारों की बहाली संभव होगी।
इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच ने पार्षद को शपथ दिलाने में देरी को गंभीरता से लेते हुए मेयर के अधिकार निलंबित किए थे। कोर्ट के आदेश के अनुपालन तक यह निलंबन जारी रहेगा।
कानूनी राय में साफ कहा गया है कि जैसे ही शपथ ग्रहण की प्रक्रिया पूरी होगी, मेयर के प्रशासनिक और वित्तीय अधिकार स्वतः बहाल हो जाएंगे। अब सबकी नजर नगर निगम की अगली कार्रवाई और शपथ ग्रहण प्रक्रिया पर टिकी है।






